दोबारा जानलेवा हमला: शिकायत के अगले ही दिन आरोपी ने फिर किया वार-पीड़ित ने पहले ही माँगी थी सुरक्षा-पुलिस की उदासीनता से बढ़ा हौसला अपराधियों का-स्टेशन परिसर में अवैध गतिविधियों का साम्राज्य-नशा, झगड़े,अवैध वेंडिंग और गुंडागर्दी चरम पर
Junaid khan - शहडोल। रेलवे स्टेशन के मुख्य द्वार पर हुई मारपीट की घटना ने रेलवे सुरक्षा व्यवस्था पर कई गंभीर प्रश्न खड़े कर दिए हैं। घटना स्थल से महज़ 40–50 मीटर की दूरी पर RPF पोस्ट और GRP थाना मौजूद होने के बावजूद ऐसी बड़ी वारदात का होना सुरक्षा प्रबंधन की सीधी नाकामी माना जा रहा है। हाल ही में स्टेशन परिसर में चाकूबाज़ी, हाथापाई और अन्य हिंसक घटनाएँ भी सामने आई हैं, जिन पर समय रहते रोकथाम न किए जाने से यह स्पष्ट है कि सुरक्षा प्रोटोकॉल केवल कागज़ों तक सीमित हैं।
गश्त व्यवस्था पर सवाल-मदद समय पर क्यों नहीं पहुँची?
स्टेशन का मुख्य द्वार हाई-सिक्योरिटी ज़ोन माना जाता है, जहाँ 24 घंटे सुरक्षा एजेंसियों की गश्त रहती है। फिर भी घटना के दौरान मदद समय पर क्यों नहीं मिली, यह बड़ा प्रश्न है। क्या केवल आरोपी पर कार्रवाई कर देना पर्याप्त है, या फिर उन जिम्मेदार अधिकारियों पर भी कड़ी कार्रवाई होनी चाहिए जिनकी लापरवाही के कारण यह घटना हुई?
जनता मांग कर रही है कि निष्पक्ष और त्वरित जाँच कर दोषियों के साथ-साथ ड्यूटी फेलियर के लिए जिम्मेदार कर्मचारियों पर भी कड़ी अनुशासनात्मक कार्रवाई की जाए, ताकि रेलवे सुरक्षा पर विश्वास बहाल हो सके।
स्टेशन परिसर में अव्यवस्थाएँ और अवैध गतिविधियाँ चरम पर,स्थानीय लोगों ने सवाल उठाए हैं कि आखिर क्यों:
1,स्टेशन परिसर के अंदर और बाहर आए दिन झगड़े होते हैं? 2,स्टेशन के ठीक पास गुटखा, बीड़ी, सिगरेट, लाइटर जैसी वस्तुएँ खुलेआम बिकती हैं?3,स्टेशन के भीतर ऑटो चालक अवैध रूप से सवारियाँ भरते हैं, जबकि पार्किंग स्टैंड बनने के बाद भी वाहन बाहर खड़े होने से जाम की स्थिति बनती है—वह भी RPF पोस्ट के सामने?4,रेलवे माल पार्सल क्षेत्र की लोहे की सुरक्षा रॉड तोड़कर वहाँ से भी सवारी भरी जाती है?5,लाइसेंसधारी कैंटीन वेंडरों के अलावा फर्जी वेंडरों द्वारा ट्रेनों में अवैध रूप से नाश्ता, पानी, चाय-कॉफी बेची जाती है?6,परिसर में शराब की खाली बोतलें पड़ी रहती हैं? स्थानीय नागरिकों का कहना है कि सीसीटीवी फुटेज के 15 दिन के रिकॉर्ड देखने पर सारी सच्चाई खुद सामने आ जाएगी और सबूत उपलब्ध हो जाएँगे।
अमृत भारत स्टेशन योजना पर प्रश्नचिह्न
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव द्वारा चलाई जा रही अमृत भारत स्टेशन योजना के तहत स्टेशन को आधुनिक सुविधाएँ देने का लक्ष्य है, परंतु नागरिकों का आरोप है कि स्थानीय जिम्मेदार अधिकारी इस योजना को “बर्बाद” करने में लगे हुए हैं और उनकी लापरवाही जनता की मेहनत और सरकार के संकल्प पर पानी फेर रही है। अब जनता की निगाहें प्रशासन पर-अब देखने की बात यह है कि इतने गंभीर मुद्दों के बावजूद कार्रवाई केवल आम नागरिकों पर होती है या फिर जिम्मेदारी की कुर्सियों पर बैठे अधिकारियों पर भी कड़ी कार्रवाई होती है। जनता पूछ रही है-क्या रेल प्रशासन इन सवालों का जवाब देगा?
पीड़ित फरियादी को दुबारा मिली जान से मारने की धमकी-आरपीएफ,कोतवाली, जीआरपी की नाकामी से चले दुबारा चाकू,एसपी से लेकर समाचार तो मंत्री अधिकारी को किया गया था ट्वीट
दुबारा हुई घटना-दिनाँक 05 दिसंबर 2025 की रात 10 से 12 बजे के बीच फिर वही दो ऑटो वाहन चालक के बीच हुआ विवाद जिसमे सूत्रों ने बताया कि अभी कुछ कुछ दिन पहले 30 दिसंबर को रात 11 से 12 बजे के बीच दो ऑटो चालक का रेलवे स्टेंसन के मेन गेट के सामने झगड़ा हुआ था,जिसमे आरोपी राज जायसवाल जोकि बस स्टैंड कुदरी रोड का रहने वाला है,उसके द्वारा फरियादी प्रकाश कुशवाहा पुट्ठी बड़ा का जो रहने वाला था,उसके साथ राज जायसवाल ने मेडिकल नशे की हालत में प्रकाश कुशवाहा को गाली गलौज की और पत्थर से सर फोड़ दिया था,जिसमे वहां के लोगो ने बीच बचाव कर झगड़े को खत्म कराया और आरपीएफ जीआरपी को सूचना भी दी पर दोनो थानों से बल नही आया तो फिर वहां के कई ऑटो चालक ने फरियादी प्रकाश को थाना कोतवाली ले गए जहां रिपोर्ट लिखाई और फिर जिला अस्पताल में टांके लगे व डॉक्टर ने भर्ती भी कर लिया,पर फरियादी ने बताया कि मुझे टांके लगे है भर्ती भी हुआ था इंजेक्सन बोतल भी रात भर चढ़ी थी,उसके बावाजूद भी थाना कोतवाली ने आरोपी के खिलाफ ऐसी धारा लगाई के आरोपी धड़ल्ले से घूम रहा था,और मैं अस्पताल में भर्ती था,और आरोपी कुछ लोगो से धमकी दिलवा रहा था कि उसको बोलो कम्प्रो करले नही तो पिछली बार तो बच गया अब दुबारा नही बचेगा,फरियादी ने पुलिस को यह सब बताया पूछा कि साहब कैसे मामला दर्ज किए है,जोकि वह घूम रहा है और धमकी दिलवा रहा है, तो पुलिस ने यह कहा कि कोर्ट का मामला है हम उसको इन धाराओं में गिरफ्तार नही कर सकते है,फिर उसके बाद फरियादी ने एसपी कार्यालय में डीएसपी साहब से मिलकर 05 दिसंबर 2025 को शिकायत की के साहब मुझे राज जायसवाल मारा है और दुबारा धमकी दिया है जोकि सिंहपुर रोड पास दुबारा मुझे रोककर धमकी दिया और गाली गलौज किया और कम्प्रो की बात किया। और बोला कि तुझे भी झूठे केस में फसवा दूंगा,मेरे बोहोत ऐसे केश चल रहे है, पता कर लेना मेरे व मेरे बड़े भाई व पिता के बारे में कोन हु क्या हु कितने केश है मेरे,जिससे मैं डर कर आज पुलिस अधीक्षक कार्यालय आप डीएसपी साहब पास आया हु,मुझे व मेरी जान को बचा लीजिये साहब और उस आरोपी को सजह दिलवाइये नही तो एक दिन मेरा वो मर्डर कर देगा। पुलिस ने कहा ठीक है जांच कराते है इस मामले की और उन सभी की फाइल निकलवाते है न्याय मिलेगा तुमको परेशान मत हो।
एसपी से पीड़ित शिकायत के बाद आरोपी बौखलाया और फिर प्रकाश को रेलवे स्टेंसन में चाकू मारने की कोसिस की बीच बचाव में स्टैंड ठेकेदार को लगी चाकू
आरोपी राज जायसवाल ने धमकी दी और सच भी कर दिया,आरोपी राज जायसवाल ने फिर दुबारा रेलवे स्टैंड ऑटो पार्किंग के अंदर आरपीएफ थाने के सामने 05 दिसंबर की रात 10 से 12 बजे के बीच प्रकाश कुशवाहा चाकू को मारने की कोशिश की,पर बीच बचाव में चाकू लग गया स्टैंड वाहन के ठेकेदार नवाब खान को और दोनो ऑटो चालक भाग निकले, ऐस में वही के लोगो ने तुरंत नवाब खान को जिला अस्पताल ले गए और वहां उनका उपचार कराया,नवाब खान ने बताया कि इन दोनों का झगड़ा आए दिन होता रहता है, और अभी कुछ दिन पहले झगड़ा हुआ था, और आज फिर राज जायसवाल ने झगड़ा किया प्रकाश कुशवाहा से और बात ही बात में चाकू निकालकर मारने वाला ही था तो तुरंत मैं बीच बचाव करने पंहुचा,और मुझे मेरी टांग जांग में चाकू थोड़ा सा लग गया। और उन्होंने बताया कि यहां रोज ऑटो वाले मिडकल नशा करते है, और ऐसे ही लड़ाई झगड़ा करते है, हम स्टेंड ठेकदार है बीच बचाव नही करेंगे तो हमारे ऊपर रेलवे कार्यवाही कर देती है,लेकिन रेलवे इनके ऊपर कार्यवाही नही करती है,जोकि आरपीएफ थाना के ठीक सामने ऑटो स्टैंड पार्किंग है,ऑटो वाले स्टैंड के अंदर आगी लगाते है, और नशा करते है रोड में गाड़ी खड़ी कर लेते है,जाम लग जाता है,मना करो तो हम लोग से ही लड़ाई झगड़ा करने लगते है। ऐसे में पुलिस को इनके ऊपर ध्यान देना चाहिए और कार्यवाही बड़ी करना चाहिए ताकि यह सुधरे लेकिन कुछ नही होता है,उस दिन मर्डर होते होते नही हुआ,नही तो बीच बचाव नही करते तो एक न एक का मर्डर हो जाता।
पुलिस भी कटघरे में मामूली धाराएँ क्यों लगाईं? दुबारा लड़ाई का कारण बनी आरपीएफ, जीआरपी व कोतवाली पुलिस
इतने खतरनाक हमले के बाद भी कोतवाली पुलिस ने सिर्फ:BNS 296(B) BNS 115(2) BNS 351(2) के तहत केस दर्ज किया, जबकि यह जानलेवा हमला और हत्या का प्रयास था। कानूनविदों का कहना है कि धारा 109 व 307 (हत्या का प्रयास) जैसी बड़ी धाराएँ लगनी चाहिए थीं। आखिर दुबारा इतना बड़ा झगड़ा हुआ,चाकू चले ,बीच बचाव में दूसरे को चाकू लगी,अगर आपस मे विवाद कर रहे ऑटो चालक को मे से एक को लग जाता तो इसका जिम्मेदार हत्या का कौन होता? जब पहले ही झगड़ा हुआ था अगर वही बैठी आरपीएफ जीआरपी कोतवाली पुलिस ध्यान देती और मेडिकल उपचार के बाद धारा बढ़ाकर आरोपी को पकड़ कर जेल में डाल देती तो इतनी बड़ी घटना नही होती दुबारा,क्या रेलवे पुलिस व सिटी कोतवाली पुलिस अपनी गलती मानती है?
जनता की मांग आरोपी को तुरंत गिरफ्तार करो,जेल भेजो,जिला बदर करो
स्थानीय नागरिक, ऑटो चालक और सामाजिक कार्यकर्ताओं ने माँग की है:आरोपी टाइगर को तुरंत गिरफ्तार किया जाए। जिला बदर की कार्रवाई हो। RPF, GRP और कोतवाली पुलिस की जांच SIT से करवायी जाए। स्टेशन क्षेत्र से अवैध गतिविधियाँ पूरी तरह खत्म की जाएं-लोगों ने चेतावनी दी,अगर पुलिस अब भी नहीं जागी, तो अगली बार किसी की लाश उठानी पड़ेगी। न्याय की मांग-फरियादी को न्याय मिलना चाहिए। आरोपी को सख्त से सख्त सज़ा मिलनी चाहिए। पुलिस अधिकारियों पर भी कार्रवाई होनी चाहिए।
चाकू चलने के एक दिन पहले- पीड़ित फरियादी ने एसपी से लगाई थी,अपनी जान बचाने व झूठे केश में न फसा देने कि गुहार
दिनाँक 05 दिसंबर 2025 को पीड़ित फरियादी ने लगाई पुलिस अधीक्षक कार्यालय पहुँच कर लगाई न्याय की गुहार। बताया कि राज जैसवाल उर्फ टाइगर पिता सतीश जैसवाल निवासी ग्राम कुदरी थाना सोहागपुर जिला शहडोल म०प्र० के द्वारा प्रार्थी के साथ दिनांक 30/11/2025 को गाली गलौज करते हुये मारपीट किये जाने तथा दर्ज प्रकरण में राजीनामा किये जाने एवं राजीनामा न करने पर झूठे मुकदमें में फंसा दिये जाने बाबत्। निवेदन है कि प्रार्थी प्रकाश कुशवाहा पिता संतोष कुशवाहा निवासी सिंहपुर रोड पुटटी बाडा वार्ड नं0 28 थाना शहडोल जिला शहडोल म०प्र० का निवासी है तथा वाहन आटो चलाकर अपना व अपने परिवार का पालन पोषण करता है। यह कि दिनांक 30/11/2025 के रात्रि लगभग 11.30 से 12 बजे की बीच रेल्वे स्टेशन के सामने आरोपी राज जैसवाल उर्फ टाइगर पिता सतीश जैसवाल निवासी ग्राम कुदरी थाना सोहागपुर जिला शहडोल म०प्र० के द्वारा प्रार्थी के साथ गाली गलौज करते हुये मारपीट कर पत्थर से सिर फोड़ दिया था जिसकी शिकायत प्रार्थी के द्वारा पुलिस कोतवाली शहडोल में की गई थी। आज यह दिनांक 03/12/2025 को शाम लगभग 5 बजे विवेकानंद स्कूल सिंहपुर रोड के पास आया और मेरे द्वारा दर्ज कराई गई रिपोर्ट में राजीनामा किये जाने हेतु कहने लगा जिस पर प्रार्थी के द्वारा इंकार किया गया। उसके बाद राज जैसवाल के द्वारा जान से मारने की धमकी देते हुए यह कहा गया कि मै तुझे झुठे केश में अंदर करवा दूंगा। प्रार्थी राज जैसवाल के द्वारा दी गई धमकी से अत्यंत भयभीत है तथा उसे डर है कि कहीं आरोपी राज जैसवाल झूठी शिकायत दर्ज न करा दे। आवेदन पत्र प्रस्तुत कर विनय है कि राज जैसवाल उर्फ टाइगर पिता सतीश जैसवाल निवासी ग्राम कुदरी थाना सोहागपुर जिला शहडोल म०प्र० के द्वारा प्रार्थी के साथ दिनांक 30/11/2025 को गाली गलौज करते हुये मारपीट किये जाने तथा दर्ज प्रकरण में राजीनामा किये जाने एवं राजीनामा न करने पर झूठे मुकदमें में फंसा दिये जाने के संबंध में व वह और उसके परिवार के राज जायसवाल व पिता व बड़ा भाई के ऊपर भी कई लड़ाई झगड़े के मामले दर्ज है। उसे भी देखकर कानूनी प्रक्रिया के तहत कानूनी कार्यवाही किये जाने की कृपा की जाये।
पहली घटना का-पूरा मामला इस प्रकार है फरियादी की जुबान थाना कोतवाली में हुआ था मामला दर्ज
फरियादी प्रकाश कुशवाहा पिता स्व. सतोष कुशवाहा उम्र 25 वर्ष निवासी सिहपुर रोड पुट्ठी बाड़ा वार्ड न.28 शहडोल थाना कोतवाली कोतवाली जिला शहडोल का हमराह अपने दोस्त ऋषभ गुप्ता, अभिषेक केवट, पुष्पराज श्रीवास्तव के थाना उपस्थित आकर मौखिक रिपोर्ट लेख कराया कि उक्त पते पर रहता हूँ। किराये से आटो लेकर सवारी रेल्वे स्टेशन से शहर में लाता ले जाता हूं। दिनांक 30.11.2025 को रात्रि करीबन 11.50 बजे रेल्वे स्टेशन के सामने आटो स्टैण्ड के पास आटो खड़ा करके वहीं पर बैठा था तभी राज जायसवाल उर्फ टाइगर पिता सतीश जायसवाल,कुदरी रोड पास शहडोल में घर है। जो आटो चलाता है। वह मेरे पास आया और मुझे गंदी गंदी गाली देने लगा और बोला तू बहुत बड़ा दादा बनता है। मेरी बुराई करता है मे उसे गाली देने से मना किया तो वह मुझसे लपट पड़ा और हाथ मुक्का से मारपीट करने लगा और वहीं पर एक पत्थर का टुकड़ा उठा कर मारा जो मेरे दाहिने तरफ कान के ऊपर सिर में लगा और खून बहने लगा बचने के लिये चिल्लाया तो वही पर खड़े आटो चालक ऋषभ गुप्ता, अभिषेक केवट, पुष्पराज श्रीवास्तव दौड़ कर राज जायसवाल से मुझे बचाये उसके मारपीट करने से मेरे दाहिने कान के पीछे व दाहिने तरफ सिर में, गले में, बायी हाथ के उंगली में चोट लगी है। राज जायसवाल उर्फ टाईगर कह रहा था गाली देकर की दोबारा रेल्वे स्टेशन तरफ दिखा तो जान से खत्म कर दूंगा। रिपोर्ट करता हूं कार्यवाही की जाये। और मुझे न्याय दिलाया जाए। नही तो मैं अगर अपने साथ कुछ करता हु तो जिसकी जिम्मेदार शहडोल पुलिस होगी। थाना प्रभारी जी से निवेदन करता हु की यह जो आरोपी है वह बोहोत बड़ा गुंडा है और इसके साथ साथ इसकी माता भी इसका यह सब मे सपोर्ट करती है। और इसके खिलाफ थाना कोतवाली व थाना सोहागपुर में कई मामले दर्ज है। यह मेडिकल नशा करके रेलवे स्टेशन हो या बस स्टैंड यहां आए दिन झगड़ा करता है। और अपनी माता को आगे कर देता है। हर जगह इसकी जांच करवा कर फाइल देखी जाएं तो कई मामले सामने आएंगे इसके ऊपर बड़ी से बड़ी कार्यवाही कारिये। एवं कई मामलों को देखते जिला बदर भी कर दीजिये जनता का कहना है। नही तो वह दिन दूर नही है जब यह टाइगर आरोपी किसी भी ऑटो चालक की जान ले लेगा।
एक से डेढ़ माह के अंदर रेलवे स्टेशन परिसर में हुई कई लड़ाई झगड़े,कहा है आरपीएफ व जीआरपी?
पहला,गोपाल गुप्ता ने स्टेसन के अंदर घुश्कर सवारी से मारपीट की ,दूसरा मुन्ना ऑटो वाहन चालक से गाड़ी पार्किंग स्टेंड ठेकेदार से झगड़ा व मारपीट हुई ठीक आरपीएफ थाने के सामने,तीसरा स्टेसन के मेन गेट के ठीक सामने आकाश ऑटो वाहन चालक का टाइगर द्वारा सर फोड़ा गया। चौथा रेलवे स्टैंड के अंदर चला चाकू दो ऑटो चालक का झगड़ा,स्टैंड ठेकेदार को लगा चाकू,पांचवा मेन गेट के सामने दो चालक का हुआ झगड़ा महिला यात्री को आई चोट पुलिस डायल 112 ने महिला को पहुंचाया अस्पाल,आरोपी को ले गई कोतवाली पुलिस थाना,और भी कई मामले छोटे मोटे रोज होते रहने की खबर आती रहती। अब ऐसे में क्यों न उठे आरपीएफ व जीआरपी पुलिस की कार्यप्रणाली पर सवाल। गाड़ी पार्किंग स्टैंड ठेकदार से जब पूछा गया कि स्टैंड ठेकदार और ऑटो चालक से किस बात में झगड़ा हुआ तो उसने बताया कि यहां ठीक आरपीएफ थाने सामने से काफी दूर तक ऑटो बाहर लगाकर जाम लगाते है। और झगड़ा नशा करते है कुछ बोलो तो उल्टा मारपीट पर उतर आते है। ऐसे आरपीएफ को यह देखना चाहिए तो हम लोगो को देखना पड़ता है। जिसके चलते आए दिन ठेकेदार व कर्मचारी के साथ ऑटो वाले नशे में रहकर झगड़ा करते है। जो काम एक पुलिस को करना चाहिए जोकि रेलवे की आरपीएफ व जीआरपी पुलिस है। वह काम हम स्टैंड के लोग करते है। और लड़ाई झगड़े होते है फिर भी आरपीएफ नही आती है।
आरोपी राज जायसवाल ने दिखाई थी चापलूसी,मारपीट कर उल्टा आरोपी पहुंचा थाना व एसपी ऑफिश
आपको बतादें की 30 दिसंबर को आरोपी राज जायसवाल ने जब प्रकाश कुशवाहा के साथ लड़ाई झगड़ा किया और सर फोड़ा मारपीट की तो उल्टा अपने माता पिता बड़े भाई के साथ थाना कोतवाली पहुंचा था उल्टा झूठी रिपोर्ट लिखाने,फिर वहां उसकी नही सुनी गई तो दूसरे दिन एसपी कार्यालय पहुंचा जहां उल्टा मारपीट व लूट की झूठी बात बताई और कई अखबारों में खबर भी प्रकाशित कराई,और फिर भी काम नही बना तो फिर सिंहपुर रोड में प्रकाश कुशवाहा को धमकी दी और फिर रात में रेलवे स्टेशन पहुंचकर चाकू से घटना को अंजाम दिया।
जनता की मांग पुलिस पर भी ध्यान दे अधिकारी
जनता की पुलिस अधीक्षक एवं आरपीएफ जीआरपी के अधिकारियों से मांग की है कि यह विसय बड़ा है और इस मामले की दोनो तरफ से जांच की जाए और जो भी आरोपी हो या परिवार दोस्त यार का हो उनके ऊपर कड़ी से कड़ी सजह दी जाए और सेहर में शांति रखा जाए और रेलवे पुलिस की सबसे बड़ी लापरवाही है तुरंत एक्सन ले यहां बैठे कर्मचारियों के ऊपर और एक एक जांच हो और रेलवे में जितने भी अवैध कारोबार चल रहे हो निष्पक्ष तरीके से जांच कार्यवाही करे और अवैध कारोबार बंद करें नही तो जनता एक्सन लेगी अनसन में बैठेगी रेलवे पुलिस प्रशासन के मुर्दाबाद के लगेंगे नारे?





