विद्यार्थी रैगिंग की गतिविधियों से रहें दूर
Junaid Khan - शहडोल। 17 अप्रैल 2026- बिरसा मुंडा शासकीय चिकित्सा महाविद्यालय शहडोल में एंटी-रैगिंग एवं छात्र अनुशासन विषय पर जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का आयोजन महाविद्यालय की एंटी-रैगिंग समिति एवं एंटी-रैगिंग स्क्वाड एवं मध्य प्रदेश पुलिस के सहयोग से संपन्न हुआ। कार्यक्रम की अध्यक्षता करते हुए अधिष्ठाता डॉ. गिरीश बी. रामटेके ने संबोधन में कहा कि चिकित्सा शिक्षा केवल पुस्तकीय ज्ञान तक सीमित नहीं है, बल्कि इसमें अनुशासन, नैतिकता एवं संवेदनशीलता जैसे मूल्यों का समावेश भी आवश्यक है। उन्होंने स्पष्ट किया कि महाविद्यालय में रैगिंग के प्रति “शून्य सहनशीलता” की नीति लागू है और किसी भी प्रकार की अनुशासनहीनता को सहन नहीं किया जाएगा। कार्यक्रम में डॉ. मितेश सिन्हा, डॉ. राजेश टेंभुर्निकार, डॉ. किरण एवं डॉ. सुनील तिड़के ने विद्यार्थियों को संबोधित करते हुए कहा कि छात्रों से आपसी सम्मान, सहयोग एवं सकारात्मक वातावरण बनाए रखते हुए अपने अध्ययन पर ध्यान केन्द्रित रखना चाहिए।
सोहागपुर थाना प्रभारी श्री अरुण पाण्डेय ने विद्यार्थियों को रैगिंग से संबंधित कानूनी प्रावधानों एवं दंडात्मक कार्रवाई की जानकारी देते हुए बताया कि रैगिंग एक दण्डनीय अपराध है, दोषी पाए जाने पर कठोर वैधानिक कार्यवाही की जाती है। उन्होंने छात्र-छात्राओं से रैगिंक गतिविधियों में संलिप्त नहीं होने तथा इस प्रकार की घटना होने पर जानकारी कॉलेज प्रशासन एवं पुलिस को तत्काल दें। कार्यक्रम में सभी विद्यार्थियों ने रैगिंग न करने तथा महाविद्यालय में अनुशासन बनाए रखने की शपथ ली। साथ ही सुरक्षित, सम्मानजनक एवं सकारात्मक शैक्षणिक वातावरण के निर्माण का संकल्प भी लिया गया।
इस अवसर पर अस्पताल उप अधीक्षक डॉ. विक्रांत कबीरपंथी सहित महाविद्यालय के अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित रहे।

