सीएम हेल्पलाइन की शिकायतों का त्वरित निराकरण,संवेदनशील बारूद डिपो की सुरक्षा और जनसामान्य के प्रति शालीन व्यवहार पर एसपी का सख्त रुख
Junaid Khan - शहडोल। खैरहा राज्य सरकार की मंशा के अनुरूप आम जनता में सुरक्षा की भावना मजबूत करने और प्रशासनिक पारदर्शिता बढ़ाने के उद्देश्य से चलाए जा रहे ‘मुख्यमंत्री जन विश्वास अभियान’ के तहत जिला पुलिस प्रशासन पूरी तरह मुस्तैद नजर आ रहा है। इसी कड़ी में पुलिस अधीक्षक शहडोल, डॉ. संजय अग्रवाल द्वारा थाना खैरहा का औचक निरीक्षण किया गया। एसपी के अचानक थाने पहुँचने से अधिकारियों व कर्मचारियों में हड़कंप की स्थिति रही। निरीक्षण के दौरान पुलिस कप्तान ने थाने की समस्त कार्यप्रणाली, अभिलेखों के रख-रखाव और परिसर की साफ-सफाई का गहन जायजा लिया। इस दौरान उन्होंने उपस्थित अधिकारियों और पुलिसकर्मियों की क्लास लेते हुए स्पष्ट निर्देश दिए कि जनसेवा में किसी भी प्रकार की लापरवाही या कोताही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। सरकार के जन-विश्वास के संकल्प को धरातल पर उतारने के लिए पुलिस बल को पूरी निष्ठा और तत्परता के साथ मैदान में उतरना होगा। थाना निरीक्षण के दौरान एसपी डॉ. संजय अग्रवाल ने जनसमस्याओं के समाधान को प्राथमिक ध्येय बताते हुए सीएम हेल्पलाइन एवं जनसुनवाई के माध्यम से प्राप्त लंबित शिकायतों की एक-एक कर समीक्षा की। उन्होंने थाना प्रभारी को निर्देशित किया कि शिकायतों का निराकरण केवल कागजों में न होकर त्वरित, निष्पक्ष और शिकायतकर्ता की वास्तविक संतुष्टि के अनुरूप होना चाहिए। इसके साथ ही, औद्योगिक सुरक्षा और क्षेत्र की संवेदनशीलता को ध्यान में रखते हुए पुलिस अधीक्षक ने थाना क्षेत्रान्तर्गत स्थित 'दामिनी भूमिगत खदान' की मैगजीन (विस्फोटक भंडारण गृह) का स्वयं भौतिक निरीक्षण किया। इस दौरान सुरक्षा मानकों, सीसीटीवी कैमरों की क्रियाशीलता, सुरक्षा गार्डों की तैनाती और स्टॉक रजिस्टर के संधारण को बारीकी से परखा गया। उन्होंने निर्देश दिया कि सुरक्षा मानकों का पालन शत-प्रतिशत और कड़ाई से सुनिश्चित किया जाए ताकि किसी भी अप्रिय स्थिति से बचा जा सके। निरीक्षण के अंतिम चरण में पुलिस अधीक्षक ने थाने के आर्म्स, मालखाना रिकॉर्ड, थाना परिसर की स्वच्छता और ड्यूटी पर तैनात पुलिसकर्मियों के टर्नआउट व वेशभूषा का भी अवलोकन किया। महकमे में अनुशासन का पाठ पढ़ाते हुए एसपी ने समस्त स्टाफ को ड्यूटी के दौरान पूरी सतर्कता, सजगता और उच्च स्तरीय अनुशासन बनाए रखने की हिदायत दी। उन्होंने सख्त लहजे में कहा कि थानों में आने वाले आम नागरिकों, पीड़ितों और फरियादियों के साथ पुलिसकर्मियों का व्यवहार शालीन, संवेदनशील और सहयोगात्मक होना चाहिए, जिससे जनता में पुलिस के प्रति विश्वास और अपराधियों में भय का वातावरण निर्मित हो सके। शासन और पुलिस प्रशासन के इस सख्त रवैये से क्षेत्र में कानून व्यवस्था और सुदृढ़ होने की उम्मीद जगी है।
