जिले में गोवंश तस्करी और गौमांस की अवैध बिक्री पर सख्ती की मांग, कलेक्टर को सौंपा गया ज्ञापन
Junaid khan - शहडोल। जिले में लगातार सामने आ रहे पशु क्रूरता, गोवंश तस्करी और गौमांस की अवैध बिक्री के मामलों ने आमजन में आक्रोश पैदा कर दिया है। इसी को लेकर अटल कामधेनु गौसेवा संस्थान, धनपुरी द्वारा जिला प्रशासन का ध्यान आकर्षित करते हुए कलेक्टर शहडोल को एक विस्तृत ज्ञापन सौंपा गया है। ज्ञापन में जिले में बढ़ रही गंभीर आपराधिक गतिविधियों पर कड़ी कार्रवाई की मांग की गई है।
संस्थान ने ज्ञापन में उल्लेख किया है कि अटल कामधेनु गौसेवा संस्थान, धनपुरी, विगत कई वर्षों से गौवंश संरक्षण, सेवा एवं पशु कल्याण के क्षेत्र में सक्रिय रूप से कार्य कर रहा है। संस्था के अनुसार हाल के दिनों में जिले के विभिन्न क्षेत्रों से पशु क्रूरता की गंभीर घटनाएं लगातार सामने आ रही हैं, जिनमें विशेष रूप से गोवंश के प्रति अमानवीय व्यवहार, अवैध तस्करी और गौमांस की अवैध बिक्री के मामले चिंताजनक रूप से बढ़े हैं। ज्ञापन में यह भी बताया गया कि बीते दिनों धनपुरी क्षेत्र में गौमांस काटते हुए एक आरोपी को पकड़ा गया, जो कि अत्यंत गंभीर विषय है। पूछताछ के दौरान यह तथ्य भी सामने आया कि आरोपी द्वारा गौमांस की आपूर्ति विभिन्न मांसाहारी दुकानों तक की जाती थी। इससे यह स्पष्ट होता है कि जिले में गौमांस की अवैध बिक्री एक संगठित नेटवर्क के माध्यम से संचालित हो रही है, जिस पर त्वरित और कठोर कार्रवाई आवश्यक है। संस्था ने प्रशासन को अवगत कराया कि गौमांस की अवैध तस्करी न केवल कानून का उल्लंघन है, बल्कि यह सामाजिक, धार्मिक और नैतिक मूल्यों पर भी सीधा आघात है। इस तरह की गतिविधियां समाज में अशांति फैलाने के साथ-साथ कानून-व्यवस्था के लिए भी गंभीर चुनौती बनती जा रही हैं। अटल कामधेनु गौसेवा संस्थान ने मांग की है कि पकड़े गए आरोपियों पर कानून के तहत कठोर से कठोर कार्रवाई सुनिश्चित की जाए। साथ ही खाद्य निरीक्षक एवं खाद्य सुरक्षा विभाग के माध्यम से जिलेभर में विशेष जांच एवं सघन अभियान चलाया जाए, ताकि गौमांस की अवैध बिक्री पर पूरी तरह रोक लगाई जा सके। इसके अतिरिक्त संस्था ने यह भी मांग रखी है कि यह सुनिश्चित किया जाए कि किन स्थानों पर, किन माध्यमों से एवं किन दुकानों पर गौमांस की अवैध बिक्री हो रही है, इसकी गहन जांच कर दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए। संस्था ने जिला प्रशासन से आग्रह किया है कि इस संवेदनशील विषय पर गंभीरता दिखाते हुए जिले में गौवंश संरक्षण एवं कानून व्यवस्था को सुदृढ़ किया जाए।
