धर्मांतरण किया तो। ST/SC का दर्जा छिन जाएगा: सुप्रीम कोर्ट के निर्णय का स्वागत- कैलाश तिवारी
Junaid Khan - शहडोल। वरिष्ठ सामाजिक कार्यकर्ता कैलाश तिवारी ने सुप्रीम कोर्ट के उस निर्णय का स्वागत किया है, जिसमें धर्मांतरण किए जाने पर अनुसूचित जाति एवं जनजाति का दर्जा छिन जाने का आदेश दिया गया है। कैलाश तिवारी ने कहा है कि इस निर्णय से वर्षों से चली आ रही धर्मांतरण की समस्या पर पूर्ण विराम तक लग सकता है। भोले भाले आदिवासियों का धर्मांतरण देशभर में व्यापक पैमाने पर किया जा रहा था। जिसे आए दिन देश भर में भी वाद विवाद होते रहते थे तथा संघर्ष तक की स्थिति बनी हुई थी। ऐसे में यह निर्णय सामाजिक संतुलन बनाए रखने के लिए भी आवश्यक था। समाज सेवा के नाम पर अनेक मिशनरी का उद्देश्य यही था कि आदिवासियों के बीच जाकर उनको प्रलोभन देकर धर्मांतरण का खेल किया जाए और वह उसमें सफल भी हो जाते थे। माननीय सुप्रीम कोर्ट के निर्णय के बाद धर्मांतरण किए जाने वाले लोग भी मूल धर्म में जाने का प्रयास कर सकते हैं। जो कि इस देश के लिए शुभ संदेश होगा।
