दबंगई की इंतहा: सोहागपुर में नियम का पालन करने वाले युवक को लाठियों से पीटा, खाकी को चुनौती देते बेखौफ अपराधी

दबंगई की इंतहा: सोहागपुर में नियम का पालन करने वाले युवक को लाठियों से पीटा, खाकी को चुनौती देते बेखौफ अपराधी 


Junaid Khan - शहडोल। संभागीय मुख्यालय के सोहागपुर थाना क्षेत्र में कानून व्यवस्था को ठेंगा दिखाने वाला एक सनसनीखेज मामला सामने आया है। यहाँ एक पेट्रोल पंप कर्मचारी द्वारा नियम अनुसार बोतल में पेट्रोल देने से मना करने पर दबंगों ने न केवल उसके साथ अभद्रता की, बल्कि ड्यूटी खत्म कर घर लौटते समय उस पर जानलेवा हमला भी कर दिया। यह घटना न केवल अपराधियों के बुलंद हौसलों को दर्शाती है, बल्कि स्थानीय पुलिस प्रशासन की कार्यप्रणाली पर भी गंभीर सवाल खड़े करती है कि क्या अब नियम का पालन करना जान जोखिम में डालना है?

नियम का पालन पड़ा भारी,पंप पर मचाया उत्पात

मिली जानकारी के अनुसार, ग्राम पिपरिया निवासी 19 वर्षीय युवक सौरभ यादव, जो एक स्थानीय पेट्रोल पंप पर कार्यरत है, अपनी ईमानदारी की कीमत चुका रहा है। रविवार सुबह आरोपी राकेश सोनी और गणेश कोल पेट्रोल पंप पहुंचे और अवैध रूप से बोतल में पेट्रोल की मांग करने लगे। जब सौरभ ने सरकारी नियमों का हवाला देते हुए बोतल में ईंधन देने से इनकार किया, तो आरोपियों ने मर्यादा की सारी सीमाएं लांघ दीं। पंप पर मौजूद अन्य कर्मचारियों के बीच-बचाव के बाद मामला शांत तो हुआ, लेकिन अपराधियों के मन में रंजिश की आग सुलगती रही। योजनाबद्ध तरीके से घेराबंदी और जानलेवा हमला अपराधियों की हिमाकत यहीं नहीं रुकी। पीड़ित सौरभ ने पुलिस को बताया कि रात करीब 11 बजे जब वह अपनी शिफ्ट खत्म कर घर वापस लौट रहा था, तभी सोहागपुर थाने के ठीक पास स्थित ब्रिज के पास घात लगाकर बैठे आरोपियों ने उसे घेर लिया। बीच सड़क पर आरोपियों ने लाठी-डंडों से उस पर हमला कर दिया। थाने के इतने करीब इस तरह की वारदात को अंजाम देना यह साफ करता है कि अपराधियों के मन में पुलिस का कोई खौफ नहीं बचा है। अवैध गतिविधियों को शह और प्रशासनिक शिथिलता बोतल में पेट्रोल की मांग करना कोई सामान्य बात नहीं है; अक्सर ऐसी मांगें किसी बड़ी घटना या अवैध काम को अंजाम देने के लिए की जाती हैं। ऐसे में जागरूक कर्मचारी ने नियम का पालन कर समाज को किसी संभावित खतरे से बचाया, लेकिन बदले में उसे मिला तो सिर्फ दर्द और चोटें। प्रशासन को अब यह तय करना होगा कि वह नियमों के रक्षकों के साथ खड़ा है या उन दबंगों के साथ जो खुलेआम गुंडागर्दी पर उतारू हैं। आखिर पुलिस की गश्त और सुरक्षा के दावों की धज्जियां थाने की नाक के नीचे कैसे उड़ गईं? पुलिस की तलाश जारी, क्षेत्र में बढ़ता आक्रोश फिलहाल, सोहागपुर पुलिस ने सौरभ यादव की शिकायत पर दोनों आरोपियों के खिलाफ मामला दर्ज कर उनकी तलाश शुरू कर दी है। लेकिन इस घटना ने स्थानीय नागरिकों और अन्य कर्मचारियों के मन में असुरक्षा की भावना पैदा कर दी है। क्षेत्र के बुद्धिजीवियों का कहना है कि अगर इन अपराधियों पर कड़ी कार्रवाई नहीं हुई और इनके अवैध हौसलों को कुचला नहीं गया, तो कल कोई भी कर्मचारी नियम का पालन करने की हिम्मत नहीं जुटा पाएगा। मुख्य बिंदु: नियम विरुद्ध मांग: आरोपियों द्वारा बोतल में पेट्रोल देने का दबाव बनाना। पंप पर हंगामा: कर्मचारियों के सामने गाली-गलौज और विवाद। घात लगाकर हमला: थाने के पास ब्रिज पर जानलेवा हमला। प्रशासनिक सवाल: 'सुरक्षित शहडोल' के दावों पर प्रश्नचिह्न।

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