बाघ के शिकार एवं वन्यजीव अंगों की तस्करी के मामले में फरार आरोपी शहडोल के ब्यौहारी से गिरफ्तार
Junaid Khan - शहडोल। 06 सितंबर 2026- मध्यप्रदेश स्टेट टाइगर स्ट्राइक फोर्स (STSF) की क्षेत्रीय इकाई जबलपुर ने बाघ के शिकार एवं वन्यजीव अंगों की तस्करी से जुड़े प्रकरण में लंबे समय से फरार आरोपी शेरू पारधी को शहडोल जिले के ब्यौहारी क्षेत्र से गिरफ्तार किया है। आरोपी के विरुद्ध विभिन्न राज्यों में वन्यजीव अपराध से संबंधित प्रकरण दर्ज होने की जानकारी सामने आई है। STSF द्वारा बालाघाट में बाघ के शिकार एवं उसके अंगों की तस्करी से जुड़े प्रकरण की विवेचना की जा रही है। विवेचना के दौरान एक संगठित गिरोह के सक्रिय होने की जानकारी सामने आई, जिसके तार देश के विभिन्न राज्यों के साथ ही अंतरराष्ट्रीय वन्यजीव तस्करी नेटवर्क से जुड़े होने की आशंका है। प्रकरण में अब तक मध्यप्रदेश सहित पांच राज्यों से आठ आरोपियों की गिरफ्तारी की जा चुकी है।
मुखबिर की सूचना पर की गई कार्रवाई
फरार आरोपी शेरू पारधी की तलाश के लिए STSF द्वारा मुखबिर तंत्र सक्रिय किया गया था। सूचना प्राप्त होने के बाद विशेष टीम गठित कर 4 सितंबर को शहडोल जिले के आसपास के क्षेत्रों में भेजी गई। आरोपी की लोकेशन धनपुरी, बुढार एवं शहडोल क्षेत्र में मिलने के बाद STSF जबलपुर की टीम ने स्थानीय वन विभाग एवं पुलिस टीम के सहयोग से उसकी गतिविधियों पर नजर रखी। लगातार रेकी के बाद टीम ने आरोपी को ब्यौहारी क्षेत्र से गिरफ्तार कर लिया। कार्रवाई के दौरान आरोपी की पत्नी बिनौरी बाई को भी सह-आरोपी बनाया गया है। आरोपियों के पास से छुरी, चाकू, कुल्हाड़ी तथा पक्षी पकड़ने का जाल बरामद किया गया है।
वन्यजीव तस्करी नेटवर्क से जुड़े होने की जांच
विवेचना में सामने आया है कि गिरोह द्वारा विभिन्न राज्यों में बाघों का शिकार कर उनके अंगों की तस्करी किए जाने की आशंका है। बाघ की हड्डियों एवं अन्य अवयवों को देश के पूर्वोत्तर राज्यों के माध्यम से अंतरराष्ट्रीय तस्करी नेटवर्क तक पहुंचाए जाने की जानकारी भी विवेचना में सामने आई है। मामले में वन्यजीव अपराध से जुड़े अन्य आरोपियों एवं नेटवर्क की भूमिका की जांच जारी है। गिरफ्तार दोनों आरोपियों को 05 सितंबर को विशेष न्यायालय, जबलपुर के समक्ष पेश किया गया, जहां से उन्हें पांच दिन की फॉरेस्ट रिमांड पर लिया गया है। वन विभाग एवं STSF द्वारा आरोपियों से पूछताछ कर वन्यजीव अपराध से जुड़े अन्य तथ्यों एवं नेटवर्क की जानकारी जुटाई जा रही है।
कुख्यात शिकारी अजीत पारधी का भाई है शेरू
विभागीय जानकारी के अनुसार गिरफ्तार आरोपी शेरू पारधी, कुख्यात बाघ शिकारी अजीत पारधी का भाई है। उसके विरुद्ध कर्नाटक में वर्ष 2002 तथा महाराष्ट्र में वर्ष 2013 में वन अपराध से संबंधित प्रकरण दर्ज होने की जानकारी है। महाराष्ट्र वन विभाग द्वारा उसे फरार घोषित किए जाने की भी जानकारी सामने आई है। वर्तमान में प्रकरण की विवेचना जारी है।
