लोक सेवाओं के प्रकरणों में विलंब पर 6 पदाभिहित अधिकारियों पर अर्थदण्ड

निर्धारित समय-सीमा में सेवाएं प्रदान नहीं करने पर 05 हजार रुपये का एकमुश्त अर्थदण्ड अधिरोपित 


Junaid Khan - शहडोल। 01 अक्टूबर 2026 मध्यप्रदेश लोक सेवाओं के प्रदाय की गारण्टी अधिनियम 2010 के अंतर्गत अधिसूचित सेवाओं के आवेदनों का निर्धारित समय-सीमा में निराकरण किया जाना प्रावधानित है। दिनांक 22 सितम्बर 2026 से 27 सितम्बर 2026 तक की स्थिति में समय-सीमा से बाहर लंबित प्रकरणों के निराकरण में विलंब पाए जाने पर कलेक्टर ने 6 पदाभिहित अधिकारियों पर कुल 5 हजार रुपये का एकमुश्त अर्थदण्ड अधिरोपित किया गया है। जारी आदेश के अनुसार नगर पंचायत खांड के मुख्य नगरपालिका अधिकारी श्री राजेन्द्र कुशवाहा पर 1500 रुपये, ग्राम पंचायत पतरियाटोला, जनपद पंचायत जयसिंहनगर के श्री इंद्रपाल सिंह पर 1000 रुपये, ग्राम पंचायत आखेटपुर, जनपद पंचायत ब्यौहारी के श्री रामकिशोर पटेल पर 500 रुपये, ग्राम पंचायत भन्नी, जनपद पंचायत ब्यौहारी के श्री श्यामदास कोल पर 500 रुपये, ग्राम पंचायत बण्डीखुर्द, जनपद पंचायत सोहागपुर के श्री गुल्लू यादव पर 500 रुपये तथा ग्राम पंचायत देवरी-1, जनपद पंचायत गौहपारू के श्री राम सिंह पर 1000 रुपये का अर्थदण्ड अधिरोपित किया गया है। इन प्रकरणों में विवाह पंजीयन, जन्म का अप्राप्तता प्रमाण पत्र तथा मृत्यु का अप्राप्तता प्रमाण पत्र प्राप्त करने संबंधी सेवाओं के आवेदन निर्धारित समय-सीमा के बाहर लंबित पाए गए थे। आदेश में उल्लेखित है कि संबंधित पदाभिहित अधिकारियों को मध्यप्रदेश लोक सेवाओं के प्रदाय की गारण्टी अधिनियम 2010 की धारा 5(1) एवं 5(2) के तहत पर्याप्त तथा युक्तियुक्त कारण के बिना सेवा प्रदान करने में विलंब का दोषी पाया गया। मध्यप्रदेश लोक सेवाओं के प्रदाय की गारण्टी अधिनियम 2010 में विहित प्रावधानों के तहत अधोहस्ताक्षरकर्ता द्वारा द्वितीय अपीलीय अधिकारी के क्षेत्राधिकार का उपयोग करते हुए अधिनियम की धारा 7(1)(क)(ख) के अंतर्गत संबंधित पदाभिहित अधिकारियों पर तालिका में दर्शाए अनुसार एकमुश्त अर्थदण्ड की शास्ति अधिरोपित की गई है।

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