मंडी परिसर में वर्षों पुराना पेड़ काटकर दुकानदार ने दिखाया रौब,विभागों में जिम्मेदारी को लेकर टालमटोल

नगर पालिका, वन और राजस्व विभाग में छिड़ा पल्ला झाड़ो अभियान, नियम ताक पर कुल्हाड़ी हाथ में


Junaid Khan - शहडोल। संभागीय मुख्यालय के वार्ड क्रमांक 12 में पर्यावरण की सरेआम हत्या कर दी गई और शहर के जिम्मेदार अधिकारी तमाशबीन बने रहे। अर्बन बेसिक स्कूल के पास कृषि मंडी परिसर में एक रसूखदार दुकानदार ने अपनी दुकान चमकाने के लिए वर्षों पुराने हरे-भरे पेड़ को मौत के घाट उतार दिया। हैरान करने वाली बात यह है कि इस पूरे मामले में कार्रवाई के बजाय नगर पालिका, वन विभाग और राजस्व विभाग जिम्मेदारी का फुटबॉल खेल रहे हैं। 

नियम ताक पर,कुल्हाड़ी हाथ में 

एक ओर सरकार ‘एक पेड़ मां के नाम’ का ढिंढोरा पीट रही है, वहीं दूसरी ओर प्रशासन की नाक के नीचे कुल्हाड़ियां चल रही हैं। नगर पालिका कहती है यह हमारा काम नहीं, वन विभाग इलाके का हवाला देकर पल्ला झाड़ रहा है और राजस्व विभाग मौन साधे बैठा है। नियमों के मुताबिक, बिना अनुमति पेड़ काटना नगर पालिका अधिनियम और वृक्ष संरक्षण अधिनियम के तहत संगीन जुर्म है, जिसमें जेल और 50 हजार तक के जुर्माने का प्रावधान है।

भ्रष्टाचार के आरे से कटा पेड़ 

जनता पूछ रही है कि क्या रसूखदारों के लिए कानून अलग है? मंडी परिसर जैसी सरकारी भूमि पर हुआ यह अवैध कृत्य प्रशासनिक सांठगांठ की ओर इशारा कर रहा है। यदि 24 घंटे में दोषियों पर एफआईआर नहीं हुई और लापरवाह पटवारी व वार्ड दरोगा पर गाज नहीं गिरी, तो साफ हो जाएगा कि यह पेड़ कुल्हाड़ी से नहीं, बल्कि भ्रष्टाचार के आरे से काटा गया है।

जनाक्रोश बढ़ा,कार्रवाई की मांग तेज 

घटना के बाद स्थानीय लोगों में भारी आक्रोश है। पर्यावरण प्रेमियों और सामाजिक संगठनों ने इसे गंभीर मामला बताते हुए दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है। लोगों का कहना है कि एक ओर सरकार हरियाली बढ़ाने के लिए अभियान चला रही है, वहीं दूसरी ओर खुलेआम पेड़ों की कटाई हो रही है, जो बेहद चिंताजनक है।

प्रशासन की चुप्पी पर सवाल पूरे मामले में जिम्मेदार 

अधिकारियों की चुप्पी कई सवाल खड़े कर रही है। क्या विभागों के बीच समन्वय की कमी है या जानबूझकर कार्रवाई को टाला जा रहा है? यह सवाल अब आम जनता के बीच चर्चा का विषय बन चुका है। अब देखना होगा कि प्रशासन इस मामले में सख्ती दिखाता है या फिर यह मामला भी फाइलों में दबकर रह जाएगा।

Previous Post Next Post