समाज सुधार की बड़ी मुहिम,आज सजेगा अज़ीमुश्शान जलसा

अवैध व अनैतिक धंधेबाजों और कुरीतियों पर बरसेगी वली की गाज 

प्रशासन की पैनी नजर और सहयोग से होगा महाआयोजन,कौम को सुधारने और समाज के दुश्मनों को उखाड़ने का शंखनाद करेंगे इंटरनेशनल खतीब मौलाना वली उल्ला सईदी


Junaid Khan - शहडोल। समाज में पैर पसार रही कुरीतियों, जात-पात के जहर और गुपचुप तरीके से पनप रहे अवैध व अनैतिक कार्यों की अब खैर नहीं है। जिला प्रशासन की कानून-व्यवस्था को लेकर दिखाई गई मुस्तैदी और सकारात्मक सहयोग के बीच कल यानी 17 मई,2026 दिन रविवार (बरोज़ ईतवार) को शहडोल की सरजमीं पर एक ऐतिहासिक सामाजिक जागृति का आगाज होने जा रहा है। स्थानीय ईतवारी मोहल्ला (पीछे मोहल्ला) स्थित शासकीय स्कूल तलैया के सामने मैदान में एक अज़ीमुश्शान जलसा खिताब-ए-आम' का भव्य प्रोग्राम आयोजित किया गया है। इस महाजलसे में मुख्य वक्ता के रूप में देश-दुनिया में मशहूर इंटरनेशनल खतीब हज़रत मौलाना वली उल्ला सईदी साहब (नायब अमीर-ए-जमात-ए-इस्लामी हिन्द, दिल्ली) तशरीफ ला रहे हैं। उनकी कड़क और रूहानी तकरीर सीधे उन तत्वों पर चोट करेगी जो समाज की आबोहवा को खराब कर रहे हैं।

मौजूदा हालात और उम्मत की जिम्मेदारियां,अवैध काम करने वालों को खुली चुनौती

इस अज़ीमुश्शान जलसे का मुख्य विषय मौजूदा हालात और उम्मत-ए-मुस्लिमा की ज़िम्मेदारियां' रखा गया है। हालिया दिनों में मीडिया में आई कुछ खबरों का बड़ा असर देखने को मिला है, जिसने समाज के ठेकेदारों और प्रशासन दोनों को झकझोर कर रख दिया था। इसी कड़ी में अब जमात-ए-इस्लामी हिन्द शहडोल के अध्यक्ष सैय्यद तारिक़ शफीं ने दोटूक लफ्जों में लोगों से अपील की है कि वे इस जलसे में ज्यादा से ज्यादा तादाद में शिरकत करें। उन्होंने साफ किया कि आज समाज में बहुत से गलत रस्म-रिवाज़, जात-पात की दूरियां और कई तरह की सामाजिक बुराइयां व अवैध प्रवृत्तियां पनपने लगी हैं। इन सभी को जड़ से उखाड़ फेंकने के लिए ही इस जलसे का एहतमाम (आयोजन) किया गया है, ताकि समाज में एक बड़ा बदलाव और क्रांतिकारी सुधार हो सके। यह जलसा उन लोगों के लिए एक सीधी चुनौती है जो समाज की आड़ में अवैध व अनैतिक गतिविधियों को बढ़ावा देकर युवाओं का भविष्य बर्बाद कर रहे हैं।

प्रशासनिक मुस्तैदी की तारीफ,आदर्श पड़ोस-आदर्श समाज' की संकल्पना होगी साकार

इस पूरे आयोजन को लेकर स्थानीय प्रशासन का रुख बेहद काबिले-तारीफ और सराहनीय रहा है। शहर में शांति, सौहार्द और कानून का राज कायम रखने के लिए प्रशासन ने मुस्तैदी दिखाते हुए आयोजन को हरी झंडी दी है, जिससे अमनपसंद नागरिकों में भारी उत्साह है। चूंकि जमात-ए-इस्लामी हिन्द सदैव समाज सुधार, जनसेवा और खिदमत के कार्यों में तत्पर रहती है, इसलिए प्रशासन का यह सहयोग इस मुहिम को और मजबूती देगा। इससे पहले भी संस्था द्वारा 'पड़ोसी के अधिकार' पर एक बड़ा अभियान चलाया गया था, जिसे 'आदर्श पड़ोस, आदर्श समाज' का नाम दिया गया था। प्रशासन की इस सजगता से साफ है कि अब समाज में गंदगी फैलाने वाले और अवैध धंधों में लिप्त असामाजिक तत्व घुटनों पर होंगे।

कुरान की तिलावत से शुरुआत,दिग्गजों की टीम संभाल रही कमान

रविवार शाम को आयोजित होने वाले इस प्रोग्राम की शुरुआत मुकद्दस कुरान की तिलावत और दिलकश नात शरीफ से होगी, जिसके ठीक बाद हज़रत मौलाना वली उल्ला सईदी साहब का मुख्य संबोधन (तकरीर) होगा। इस बड़े आयोजन को सफल बनाने और व्यवस्थाएं चाक-चौबंद रखने के लिए आयोजक टीम दिन-रात जमीनी स्तर पर जुटी हुई है। आयोजन समिति के प्रमुख चेहरों में सैय्यद तारिक़ शफीं, अब्दुल समद ख़ान, शान उल्ला खान, जियाउल इस्लाम, असलम अंसारी, हाजी इसरार, मौ. अकरम, सहाबुद्दीन, इमरान, इक़बाल, शकील अहमद, परवेज़ सिद्दीकी और अरहम अंसारी शामिल हैं। महिला विंग की ओर से आफताब, नसरीन, महजबींन, नुसरत आदि मुस्तैदी से कमान संभाले हुए हैं। कुल मिलाकर, शहडोल का यह रविवार समाज सुधार के इतिहास में एक नया पन्ना लिखने जा रहा है।

Previous Post Next Post