रहायशी के साथ व्यावसायिक संपत्ति व नए निर्माण किए जाएंगे दर्ज,राजस्व बढ़ाने की बड़ी तैयारी
Junaid Khan - शहडोल। नए वित्तीय वर्ष के चलते नगर पालिका के पोर्टल को अपडेट किया जा रहा है, जिसके चलते राजस्व संबंधी कई कार्य दो दिन से प्रभावित हो रहे हैं। पोर्टल अपडेट होने में तीन से चार दिन का समय लग सकता है। इस दिन कर जमा करने सहित अन्य कार्य ऑफलाइन किए जाएंगे। इसके साथ ही नगर पालिका नए वित्तीय वर्ष में राजस्व बढ़ाने और व्यवस्था को सुदृढ़ करने के लिए व्यापक स्तर पर कदम उठा रही है। अपडेट होंगी संपत्ति की जानकारी नगर में पूर्व से निर्मित भवनों, दुकानों व अन्य व्यावसायिक प्रतिष्ठानों के स्वरूप में बदलाव के साथ ही उनका विस्तार भी हुआ है। इसके बाद भी कर का जो निर्धारण है, वह अभी भी पूर्व की भांति ही है। इसके चलते नगर पालिका को काफी नुकसान हो रहा है। इसी स्थिति को गंभीरता से लेते हुए नगर पालिका ने सर्वे कराने का निर्णय लिया है। सर्वे के बाद पूरी जानकारी ऑनलाइन दर्ज की जाएगी, जिसके आधार पर संपत्तियों के कर का निर्धारण किया जाएगा। नगर पालिका नए आय के स्रोत तैयार करने के साथ ही संपत्तियों के कर निर्धारण को लेकर भी कार्य करेगी। इसके लिए नगर में संपत्तियों का सर्वे कराने की कार्ययोजना बनाई जा रही है। उल्लेखनीय है कि एक से डेढ़ दशक पुराने सर्वे के आधार पर नगर वासियों से कर जमा कराया जा रहा है। इस अवधि में कई बदलाव हुए हैं, लेकिन वह दर्ज नहीं हुए हैं, जिससे नगर पालिका को नुकसान हो रहा है।
पोर्टल अपडेट होने के बाद कार्य करेंगे प्रारंभ वित्तीय वर्ष प्रारंभ होने के साथ ही नगर पालिका के राजस्व संबंधी पोर्टल को अपडेट किया जा रहा है। इसके चलते टैक्स जमा करने, संपत्ति दर्ज करने, दुकानों का किराया सहित अन्य कार्य अभी रुके हैं। राजस्व विभाग के अधिकारी कर्मचारियों की मानें तो इस कार्य में तीन से चार दिन का समय लगेगा। पोर्टल अपडेट होने के साथ ही राजस्व संबंधी सभी कार्य ऑनलाइन प्रारंभ हो जाएंगे। मैदानी अमले द्वारा सर्वे का कार्य भी कराया जाएगा। संपत्तियों के कर निर्धारण के लिए सर्वे कराने की कार्ययोजना बनाई जा रही है। सर्वे के आधार पर ऑनलाइन जानकारी दर्ज की जाएगी। अभी पोर्टल अपडेट होने की वजह से दुकान किराया सहित अन्य कार्य ऑफलाइन किए जा रहे हैं। मयंंक मिश्रा,राजस्व प्रभारी, नगर पालिका शहडोल ने बताया कि पोर्टल अपडेट होने के बाद सर्वे कार्य प्रारंभ किया जाएगा, जिससे संपत्तियों की वास्तविक स्थिति के आधार पर कर निर्धारण हो सके और राजस्व में वृद्धि हो। क्या होगा सर्वे से फायदा? शहर की सभी रहायशी और व्यावसायिक संपत्तियों का होगा सही रिकॉर्ड नए निर्माण और विस्तार भी होंगे दर्ज कर निर्धारण में आएगी पारदर्शिता नगर पालिका की आय में होगा इजाफा विकास कार्यों को मिलेगी गति नगर विकास के लिए अहम कदम नगर पालिका द्वारा लिया गया यह निर्णय शहर के समग्र विकास के लिहाज से महत्वपूर्ण माना जा रहा है। लंबे समय से पुराने आंकड़ों के आधार पर कर वसूली होने से राजस्व को नुकसान हो रहा था। अब नई तकनीक और सर्वे के जरिए वास्तविक स्थिति सामने आएगी, जिससे न केवल राजस्व बढ़ेगा बल्कि शहर में आधारभूत सुविधाओं के विकास को भी नई गति मिलेगी।
